हाथरस में एक महत्वपूर्ण फैसले में विशेष न्यायाधीश (POCSO एक्ट) के न्यायालय ने एक छात्रा के अपहरण और पोक्सो मामले में एक आरोपी को 10 साल कैद की सजा सुनाई है। आरोपी पर 16 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है। यह मामला हाथरस जंक्शन पर एक महिला द्वारा पुलिस को दी गई सूचना से शुरू हुआ था। महिला ने बताया था कि उसकी बेटी 14 नवंबर 2024 को सुबह 7:30 बजे स्कूल गई थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। इसके बाद पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस की विवेचना के दौरान, अभियुक्त अली अरहम पुत्र असलम, निवासी 55E तिलजला रोड, थाना टुपसिया, जिला कोलकाता, पश्चिम बंगाल का नाम सामने आया। पुलिस ने पीड़िता को बरामद कर लिया और उसके बयान न्यायालय में दर्ज कराए। पीड़िता के बयानों, शैक्षिक प्रमाण पत्र और अन्य साक्ष्यों के आधार पर, मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 87/64 और POCSO एक्ट की धाराएं बढ़ाई गईं। पुलिस ने जांच पूरी कर न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश (POCSO एक्ट) के न्यायालय में हुई। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद, न्यायालय ने आरोपी अली अरहम को दोषी ठहराया और उसे 10 साल के कठोर कारावास तथा 16,000 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। न्यायालय ने यह भी स्पष्ट किया कि जुर्माना अदा न करने पर आरोपी को अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी त्रिलोकी शर्मा ने पैरवी की।
हाथरस में छात्रा के अपहरणकर्ता को 10 साल की कैद:छात्रा के अपहरण के मामले में कोर्ट ने सुनाया फैसला, जुर्माना भी लगाया
📅 Published: December 5, 2025 |
📂 Category: India Up
