लखनऊ में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के आखिरी दिन शनिवार को मतदाता बनने की होड़ दिखी। एक ही दिन में करीब 40 हजार आवेदन पहुंचे। इनमें से 37 हजार से ज्यादा नए मतदाताओं (फॉर्म-6) के थे। इससे पहले भी SIR के दौरान राजधानी में 1.24 लाख नए वोटर जुड़ चुके हैं। बिहार के बाद उत्तर प्रदेश में चल रही इस प्रक्रिया पर सियासी और प्रशासनिक दोनों स्तर पर नजर बनी हुई है। इसके अलावा बड़ी संख्या में फॉर्म-7 (नाम कटवाने) और फॉर्म-8 (नाम संशोधन या पता परिवर्तन) भी आए। निर्वाचन विभाग के मुताबिक यह आंकड़ा बताता है कि आखिरी दिन तक बड़ी संख्या में लोग मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए सक्रिय रहे। रविवार को 4132 बूथों पर विशेष शिविर
जिला निर्वाचन अधिकारी विशाख जी. के निर्देश पर रविवार को जिले के 4132 बूथों पर विशेष शिविर लगाए जाएंगे। सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक बीएलओ और सुपरवाइजर बूथों पर मौजूद रहेंगे। जिनका नाम अब तक मतदाता सूची में नहीं जुड़ सका है, वे सीधे अपने बूथ पर जाकर फॉर्म-6 भर सकेंगे। इससे पहले SIR प्रक्रिया के बीच पिछले दिनों लखनऊ में कुल 1.24 लाख नए मतदाता मतदाता सूची में जुड़ चुके हैं। 6 जनवरी के बाद से अब तक करीब डेढ़ लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं। ड्राफ्ट सूची जारी होने के बाद फॉर्म-6 भरने की रफ्तार तेज हुई है। 18 वर्ष से कम उम्र वालों को भी मौका
निर्वाचन विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन युवाओं की उम्र अभी 18 वर्ष पूरी नहीं हुई है, वे भी आवेदन कर सकते हैं। जिनकी उम्र 1 अप्रैल, 1 जुलाई या 1 अक्टूबर 2026 को 18 वर्ष पूरी होगी, वे फॉर्म-6 भरकर नाम दर्ज कराने के लिए पात्र हैं। अंतिम सूची के बाद 12 लाख से ज्यादा नाम बाहर
लखनऊ में अंतिम मतदाता सूची जारी होने के बाद 12 लाख से अधिक मतदाताओं के नाम सूची से बाहर कर दिए गए थे। पूरे प्रदेश में SIR के दौरान 2.89 करोड़ वोटरों के नाम ड्राफ्ट से बाहर हुए हैं, जिनमें सबसे ज्यादा करीब 12 लाख राजधानी लखनऊ से हैं। शहरी इलाकों में ज्यादा असर, नॉर्थ सीट सबसे आगे
SIR प्रक्रिया में ग्रामीण क्षेत्रों की तुलना में शहरी इलाकों में ज्यादा मतदाता कम हुए हैं। शहरी क्षेत्रों में 30 से 40 प्रतिशत तक वोटरों की संख्या घटी है। लखनऊ नॉर्थ विधानसभा क्षेत्र में सबसे ज्यादा 1.91 लाख वोटरों के नाम ड्राफ्ट सूची से बाहर हुए। इसके बाद सरोजिनीनगर में 1.89 लाख, लखनऊ पूर्व में 1.70 लाख, कैंट और पश्चिमी सीट पर 1.42-1.42 लाख, मध्य में 1.28 लाख, बीकेटी में 1.10 लाख, मलिहाबाद में 64 हजार और मोहनलालगंज में 60 हजार वोटर कम हुए हैं। इन सीटों पर सबसे ज्यादा नए आवेदन
ड्राफ्ट सूची जारी होने के बाद लखनऊ में अब तक 1.20 लाख नए वोटरों ने फॉर्म-6 भरा है। इनमें लखनऊ वेस्ट सबसे आगे रहा, जहां 35 हजार से ज्यादा आवेदन आए। नॉर्थ विधानसभा में 21 हजार, सरोजनी नगर में 14 हजार, लखनऊ पूर्व में 11 हजार, बीकेटी में 10 हजार, मध्य में 9 हजार, कैंट में 7.5 हजार, मलिहाबाद में 6.5 हजार और मोहनलालगंज में 5 हजार नए वोटरों ने आवेदन किया। बीएलओ की लापरवाही से बढ़ी मुश्किलें
SIR के दौरान कई जगह बीएलओ की लापरवाही सामने आई है। बड़ी संख्या में ऐसे मतदाता हैं जिनके नाम 2003 की वोटर लिस्ट में थे, बावजूद इसके गणना प्रपत्र में पुराना विवरण भरने से रोका गया। नतीजतन उन्हें एईआरओ का नोटिस जारी कर दिया गया। जिले के 9 विधानसभा क्षेत्रों में करीब 4.80 लाख मतदाताओं को नोटिस भेजे गए हैं, जिन्हें अब दस्तावेजों के साथ जवाब देना होगा। निरीक्षण और सुनवाई से मिली राहत
निर्वाचन आयोग ने नोटिसों की सुनवाई के दौरान व्यक्तिगत उपस्थिति से छूट दी है। इसके प्रभाव का आकलन करने के लिए जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी विशाख जी. ने काशीराम ईको गार्डन स्थित वोटर रजिस्ट्रेशन सेंटर, सुनवाई कक्षों और निर्वाचन कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया और मतदाताओं से सीधे बातचीत कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
लखनऊ में SIR ड्राफ्ट पर 40 हजार फॉर्म आए:अंतिम दिन 37 हजार नए वोटर्स ने आवेदन किया
📅 Published: February 1, 2026 |
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