वर्ल्ड अपडेट्स:चीन में सड़क धंसी, 20 मीटर चौड़ा गड्ढा बना, पाइपलाइन फटने से हादसा

📅 Published: February 12, 2026 | 📂 Category: Uncategorized

चीन के शंघाई में एक व्यस्त सड़क अचानक धंस गई और 10 से 20 मीटर चौड़ा गड्ढा बन गया। घटना मिनहांग डिस्ट्रिक्ट के किक्सिन रोड के पास हुई, जिसका वीडियो CCTV में कैद हो गया। इससे पहले यहां पानी के रिसाव की सूचना दी गई थी। निर्माण एजेंसियों ने 11 फरवरी को सड़क के नीचे पानी के रिसाव की पहचान की थी। इसमें किसी की मौत नहीं हुई है, लेकिन आसपास की इमारतों में दरारें आ गईं और इलाके में दहशत फैल गई। कुछ ही सेकंड में सड़क की सतह भीतर की ओर धंस गई। स्थानीय प्रशासन ने तुरंत सड़क बंद कर दी। घटना स्थल के पास रेलवे लाइन का निर्माण का काम चल रहा था। चीन रेलवे टनल ब्यूरो ने आपात मरम्मत शुरू कर दी है। मशीनें गड्ढे के किनारों की जांच कर रही हैं और अंदर से लगातार पानी निकलता दिख रहा है, जिससे आशंका जताई जा रही है कि मुख्य पाइपलाइन फटी है। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी अन्य बड़ी खबरें… अमेरिकी सांसद बोलीं- ट्रम्प की वजह से भारत में QUAD समिट नहीं हो पाया डेमोक्रेट पार्टी की अमेरिकी सांसद सिडनी कमलेगर डोव ने राष्ट्रपति ट्रम्प के भारत पर लगाए गए टैरिफ की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि भारत पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाकर दोनों देशों के बीच वर्षों में बना भरोसा नुकसान पहुंचाया गया है। उनके मुताबिक यह फैसला बेवजह था और इससे रिश्तों में दरार आई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि ट्रम्प प्रशासन ने भारत के साथ ट्रेड डील में 1 साल से ज्यादा समय लगा दिया। इस वजह से 2025 में होने वाला दिल्ली क्वाड समिट नहीं हो पाया। क्वाड में भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया शामिल हैं। कमलेगर डोव ने पहले भी ट्रम्प की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा था कि वीजा शुल्क, टैरिफ और राजनीतिक तनाव के कारण अमेरिका अपनी एक अहम साझेदारी को कमजोर कर रहा है। ट्रम्प ने भारत पर 50 प्रतिशत तक टैरिफ लगाया था, जिसमें रूसी कच्चे तेल के आयात पर अतिरिक्त दंड भी शामिल था। बाद में एक नए व्यापार समझौते के तहत 25 प्रतिशत पारस्परिक टैरिफ घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया और रूसी तेल पर लगाया गया 25 प्रतिशत दंड हटा लिया गया। कनाडा पर टैरिफ के खिलाफ अमेरिकी संसद में वोटिंग, ट्रम्प की धमकी के बावजूद 6 सांसदों ने समर्थन में वोट दिया कनाडा पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा लगाए गए टैरिफ के खिलाफ अमेरिकी संसद के निचले सदन हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में वोटिंग हुई। टैरिफ रद्द करने से जुड़ा प्रस्ताव 219 के मुकाबले 211 वोट से पास हो गया। इस दौरान क्रॉस वोटिंग भी देखने को मिली। ट्रम्प की पार्टी रिपब्लिकन के 6 सांसदों ने प्रस्ताव के समर्थन में वोट दिया, जबकि डेमोक्रेटिक पार्टी के 1 सांसद ने इसके खिलाफ वोटिंग की। वोटिंग से पहले ट्रम्प ने सोशल मीडिया पोस्ट कर रिपब्लिकन सांसदों को चेतावनी दी थी कि जो भी टैरिफ के खिलाफ वोट करेगा, उसे चुनाव के समय गंभीर नतीजे भुगतने होंगे। अब यह प्रस्ताव अमेरिकी संसद के ऊपरी सदन सीनेट में जाएगा, जहां रिपब्लिकन पार्टी का बहुमत है। हालांकि अगर यह सीनेट से भी पास हो जाए, तब भी इसके कानून बनने की संभावना काफी कम मानी जा रही है। क्योंकि इसे राष्ट्रपति ट्रम्प की मंजूरी चाहिए होगी। चूंकि ट्रम्प ने ही टैरिफ लगाए हैं, इसलिए वे इस प्रस्ताव को वीटो कर सकते हैं, यानी इसे रोक सकते हैं। अगर राष्ट्रपति ट्रम्प किसी बिल को वीटो कर देते हैं, तो कांग्रेस दोबारा उस पर वोट कर सकती है। लेकिन इस बार साधारण बहुमत नहीं, बल्कि दोनों सदनों (हाउस और सीनेट) में दो तिहाई बहुमत चाहिए होता है। यानी कि व्यावहारिक तौर पर टैरिफ हटने की संभावना फिलहाल बहुत कम है। ट्रम्प का कहना है कि कनाडा ने कई सालों तक व्यापार के मामले में अमेरिका का फायदा उठाया है। उन्होंने कनाडा पर अलग अलग तरह के टैरिफ लगाए हैं। हाल ही में कनाडा और चीन के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौते के जवाब में ट्रम्प ने कनाडा पर 100 प्रतिशत टैरिफ लगाने की धमकी भी दी है। कंबोडिया में नकली भारतीय पुलिस स्टेशन बनाकर हो रही थी ठगी, 200 फर्जी कॉल सेंटर बंद कंबोडिया में बड़े पैमाने पर ऑनलाइन ठगी चल रही थी। हजारों लोग इमारतों में बैठकर अलग अलग देशों के लोगों को फोन और इंटरनेट के जरिए ठग रहे थे। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक अब सरकार ने इन ठिकानों पर छापा मारकर करीब 200 ऐसे सेंटर बंद कर दिए हैं। कई बड़े सरगना पकड़े गए हैं और हजारों लोगों को देश से बाहर भेजा गया है। छापे के दौरान एक जगह ऐसा कमरा मिला जिसे भारतीय पुलिस स्टेशन की तरह बनाया गया था। वहां गांधी की फोटो और भारत से जुड़े निशान लगाए गए थे। ऐसा इसलिए किया जाता है ताकि सामने वाले व्यक्ति को लगे कि वह सच में भारत की पुलिस या किसी सरकारी अधिकारी से बात कर रहा है। कम्पोट प्रांत में वियतनाम सीमा के पास स्थित एक बड़े परिसर में पत्रकारों को ऐसे कमरे दिखाए गए, जहां कंप्यूटर की कतारें लगी थीं। वहां थाई नागरिकों को ठगने के निर्देशों वाले दस्तावेज पड़े थे। फोन कॉल के लिए स्टूडियो बूथ और एक नकली भारतीय पुलिस स्टेशन भी बनाया गया था। पुलिस का कहना है कि उनके पास इतने लोगों को रोकने के लिए पर्याप्त बल नहीं था। कम्पोट के प्रांतीय पुलिस प्रमुख माओ चनमोथुरिथ ने बताया, “पूरे प्रांत में हमारे पास करीब 1000 पुलिसकर्मी और 300 सैन्य पुलिसकर्मी हैं। जब यहां से 6 से 7 हजार लोग एक साथ निकले, तो हम उन्हें रोक नहीं पाए।” बांग्लादेश में आम चुनाव के लिए वोटिंग जारी, NCP नेता बोले- पूरा भरोसा हमारा गठबंधन सरकार बनाएगा
बांग्लादेश में आम चुनाव के लिए वोटिंग जारी है। इस बार 51 राजनीतिक पार्टियां सत्ता हासिल करने के लिए मैदान में हैं। बांग्लादेश में करीब 12.7 करोड़ मतदाता आज अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इस चुनाव में युवाओं की भूमिका बेहद अहम मानी जा रही है, क्योंकि लगभग आधे मतदाता 18 से 37 साल के हैं। इनमें करीब 45.7 लाख मतदाता पहली बार वोट डालेंगे। पूर्व पीएम खालिदा जिया की पार्टी BNP सत्ता की सबसे बड़ी दावेदार है। माना जा रहा है कि अगर BNP चुनाव जीतती है तो खालिदा जिया के बेटे तारिक रहमान अगले पीएम बनेंगे। पूरी खबर यहां पढ़ें…

Read more


📱 Share on WhatsApp 🌐 View Original Article

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *