एशियन चैंपियनशिप में निशाना लगाएगी मनु भाकर और सुरुचि फोगाट:डबल इवेंट में जीता था ब्रॉन्ज मेडल, 118 एथलीट शामिल; दिल्ली में प्रतियोगिता

📅 Published: February 4, 2026 | 📂 Category: Uncategorized

ओलिंपिक में डबल ब्रॉन्ज मेडलिस्ट शूटर अब दिल्ली में होने वाली एशियन शूटिंग चैंपियनशिप में निशाना लगाएगी और देश के लिए मेडल जीतेगी। मनु भाकर और सुरूचि फोगाट आज से होने वाली चैंपियनशिप में पार्टिसिपेट कर रही हैं। एशियन चैंपियनशिप में मनु भाकर डबल इवेंट में भाग लेने जा रही हैं। ओलिंपिक में दो डबल ब्रोंज मेडल जीतने वाली शूटर मनु भाकर झज्जर जिले के गांव गौरियां की रहने वाली हैं। मनु भाकर ने पेरिस ओलिंपिक में सिंगल इवेंट और डबल इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीता था। मनु भाकर पहली ऐसी भारतीय महिला हैं, जिन्होंने ओलिंपिक में डबल मेडल अपने नाम किए हैं। वहीं मनु भाकर खेल रत्न अवॉर्ड से भी नवाजी जा चुकी हैं। चैंपियनशिप दस दिन चलेगी आज से दिल्ली में एशियन चैंपियनशिप राइफल/पिस्टल की शुरुआत हो रही है। राइफल और पिस्टल निशानेबाजों की यह प्रतिष्ठित महाद्वीपीय प्रतियोगिता 10 दिनों तक चलेगी, जिसकी शुरुआत आज बुधवार, 04 फ़रवरी 2026 से हो रही है, जबकि अंतिम पदक शुक्रवार, 13 फरवरी 2026 को प्रदान किए जाएंगे। 20 देशों के निशानेबाज ले रहे भाग चैंपियनशिप में मेजबान भारत सहित 20 देशों के कुल 311 एथलीट जूनियर और सीनियर वर्गों में भाग ले रहे हैं, जहां कुल 30 पदक दांव पर होंगे। साथ ही यूथ श्रेणी की प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जाएगी। मनु भाकर दो इवेंट में लगाएगी निशाना मेजबान भारत ने सबसे बड़ा दल उतारा है, जिसमें 118 एथलीट शामिल हैं। जिनमें देश की झज्जर की मनु भाकर भी इस चैंपियनशिप में पार्टिसिपेट कर रही हैं। मनु भाकर एयर पिस्टल की 10 मीटर और 25 मीटर दो इवेंट में अपना दमखम दिखएंगी। प्रतियोगिता के पहले दिन बुधवार (04 फ़रवरी) को चार बड़े फ़ाइनल मुकाबले खेले जाएंगे। इनमें पुरुष और महिला 10 मीटर एयर पिस्टल, जूनियर पुरुष 10 मीटर एयर पिस्टल और यूथ पुरुष 10 मीटर एयर पिस्टल फ़ाइनल शामिल हैं। सुरुचि फोगाट भी लगाएंगी निशाना सुरुचि फोगाट भी आज से शुरू हो रही एशियन चैंपियनशिप में भाग ले रही हैं। सुरुचि फोगाट झज्जर जिले के गांव सासरौली की रहने वाली हैं। उनके पिता आर्मी से रिटायर्ड हैं। सुरुचि फोगाट 10 मीटर एयर पिस्टल में निशाना लगाएंगी। पहलवानी से शूटिंग की ओर सुरुचि का जन्म 28 अप्रैल 2006 को झज्जर के ससरोली गांव में हुआ। पिता इंदर सिंह फोगाट आर्मी से रिटायर्ड हैं, चाहते थे कि उनकी बेटी पहलवानी करे, लेकिन 13 साल की उम्र में हुए कंधे के फ्रैक्चर ने उनकी दिशा बदल दी। यहीं से उन्होंने निशानेबाजी को अपनाया और गुरु द्रोणाचार्य शूटिंग अकादमी भिवानी में कोच सुरेश सिंह के मार्गदर्शन में प्रशिक्षण शुरू किया। लॉकडाउन में घर बनी शूटिंग रेंज कोविड लॉकडाउन के दौरान जब सारे खेल बंद थे, उनके पिता ने घर के पीछे ही एक छोटी शूटिंग रेंज बनवाई। इसी अस्थायी रेंज ने उन्हें निरंतर अभ्यास का मौका दिया। यही से वे राष्ट्रीय स्तर तक पहुंची और जल्द ही अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश का नाम रोशन करने लगी। म्यूनिख में जीत, तीसरी विश्व कप जीत Munich विश्व कप में सुरुचि ने फाइनल में 241.9 अंक हासिल किए और फ्रांस की Camille Jedrzejewski को 0.2 अंक से हराया। यह उनकी लगातार तीसरी विश्व कप जीत थी, इससे पहले उन्होंने Buenos Aires और Lima में स्वर्ण जीता था।

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